coding

पंचायती राज व्यवस्था के बारे में विस्तार से जानने के लिए आप इस वेबपेज का प्रयोग कर सकते हैं, अधिक जानकारी के लिए आप नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपने सवाल लिख कर भेजिए-

Showing posts with label उत्तर प्रदेश क्षेत्र पंचायत हेतु संवैधानिक प्राविधान. Show all posts
Showing posts with label उत्तर प्रदेश क्षेत्र पंचायत हेतु संवैधानिक प्राविधान. Show all posts

Thursday, July 9, 2026

उत्तर प्रदेश क्षेत्र पंचायत हेतु संवैधानिक प्राविधान

 उत्तर प्रदेश क्षेत्र पंचायत हेतु संवैधानिक प्राविधान 

क्षेत्र पंचायत प्रमुख के सम्बन्ध में विविध प्राविधान (धारा-7)

प्रत्येक क्षेत्र पंचायत में निर्वाचित सदस्यों द्वारा अपने में से ही एक प्रमुख चुना जाएगा। क्षेत्र पंचायत के निर्वाचित सदस्यों के किसी पद के रिक्त के होते हुए भी प्रमुख के पद के लिए चुनाव किया जा सकेगा ।

शपथ या प्रतिज्ञान: 

किसी क्षेत्र पंचायत का प्रमुख प्रथम बार प्रमुख के रूप में अपना पद ग्रहण के पहले परगनाधिकारी या जिला मजिस्ट्रेट द्वारा इस निमित्त किसी अधिकारी के समक्ष शपथ या प्रतिज्ञान लेगा। क्षेत्र पंचायत का सदस्य प्रथम बार सदस्य के रूप में अपना पद ग्रहण करने के पहले प्रमुख या उसकी अनुपस्थिति में खण्ड विकास अधिकारी के समक्ष शपथ लेगा।

क्षेत्र पंचायत प्रमुख के कार्यदायित्व (धारा-81)

उत्तर प्रदेश क्षेत्र पंचायत तथा जिला पंचायत अधिनियम, 1961 की धारा-81 के अंतर्गत क्षेत्र पंचायत के प्रमुख के कार्यदायित्वों का निर्धारण किया गया है। इसके अनुसार- 

* क्षेत्र पंचायत और उसकी समितियां, जो तदर्थ नियुक्त की जाएं, की सभी बैठकें को बुलाएं और उनकी अध्यक्षता करें।

*क्षेत्र पंचायत की सभी बैठकों में कार्य संपादन को तदर्थ बनाए गए किसी विनिमय के अनुसार अन्यथा नियंत्रित करें।

*क्षेत्र पंचायत के वित्तीय प्रशासन पर दृष्टि रखें तथा कार्यपालक प्रशासन का अधीक्षण करें तथा उसमें किसी त्रुटि को क्षेत्र पंचायत की जानकारी में लायें। 

*ऐसे अन्य कर्तव्यों का सम्पादन करें, जो इस अधिनियम अथवा तत्समय प्रचलित किसी अन्य विधि की अधीन उससे अपेक्षित हों अथवा आवंटित किये जाएं।

स्त्रोत:- क्षेत्र पंचायत सदस्यों के प्रशिक्षण हेतु सन्दर्भ साहित्य 

Top Most Popular Posts